टोक्यो ओलंपिक का जश्न मनाने के लिए जापान लॉन्च करेगा एक विशेष सैटेलाइट

टोक्यो ओलंपिक का जश्न मनाने के लिए जापान लॉन्च करेगा एक विशेष सैटेलाइट

आपको यह जानकर हैरानी होगी कि अगले साल जुलाई-अगस्त में जब आप टेलीविजन पर टोक्यो ओलंपिक खेलों का लुत्फ ले रहे होंगे तब ओलंपिक खेलों का जश्न मनाने के लिए विशेष तौर पर लॉन्च किया गया एक सैटेलाइट पृथ्वी का चक्कर लगा रहा होगा।

जापान ने अपने यहां दूसरी बार होने जा रहे ओलंपिक खेलों के जश्न के लिए इस विशेष सैटेलाइट को लॉन्च करने का फैसला किया है। खास बात यह है कि जापान ने इस सैटेलाइट का निर्माण पूरा कर लिया है। ओलंपिक और पैरालंपिक खेलों के इतिहास में यह पहला मौका होगा, जब खेलों के महाकुम्भ को समर्पित एक सैटेलाइट धरती का चक्कर लगाता दिखेगा।


वेबसाइट-जापानटुडे डॉट कॉम के मुताबिक ओलंपिक एवं पैरालम्पिक खेलों (टोक्यो 2020) की ‘द टोक्यो ओलंपिक आर्गेनाइजिंग कमिटि’ ने ‘जी सैटेलाइट गो टू स्पेस’ सैटेलाइट का निर्माण पूरा होने की औपचारिक घोषणा कर दी है। इस मिनिएचर सैटेलाइट के पेलोड में जापान के दो सबसे मशहूर एनिमेटेड साइंस फिक्शन कैरेक्टर्स-‘मोबाइल सूट गुंडम’ और ‘चार्स जाकू’ भी शामिल होंगे।

विशेष सैटेलाइट लॉन्च करने का अभियान ‘टोक्यो 2020 वन टीम प्रोजेक्ट’ का हिस्सा है, जो टोक्यो विश्वविद्यालय, जापान एरोस्पेस एक्सप्लोरेशन एजेंसी (जेएएक्सए) एवं फुकुई प्रीफेक्चर में शामिल टोक्यो के खिलौना मार्केट की तीन सबसे बड़ी कम्पनियों का साझा कार्यक्रम है।

जी-सैटेलाइट का आकार 10 सेमी गुणा 10 सेमी गुणा 34.5 सेमी है और इसका वजन 2.95 किलोग्राम है। इसे अल्यूमिनियम और अन्य धातुओं से बनाया गया है। इसी तरह गुंडम और चार के जाकू के मिनिएचरों का आकार 50एमएम गुणा 80 एमएम गुणा 90एमए होगा। इनका वजन 15 ग्राम होगा और इनके निर्माण में हाई टेम्परेचर रीजिन का उपयोग हुआ है।

इस जी-सैटेलाइट को एक विशेष वाहक विमान से मार्च 2020 में इंटरनेशनल स्पेस स्टेशन (आईएसएस) ले जाया जाएगा और फिर इसे अप्रैल 2020 में धरती का चक्कर लगाने के लिए छोड़ दिया जाएगा।

इस मिनिएचर सैटेलाइट में गुंडम और जाकू भी होंगे और इसमें कई छोटे आकार के कैमरे लगे होंगे, जो इनकी तस्वीरें भेजते रहेंगे। इसमें एक इलेक्ट्रानिक बुलेटिन बोर्ड भी लगा होगा, जो सैटेलाइट के धरती के ऑर्बिट में जाने पर सक्रिय किया जाएगा।

बुलेटिन बोर्ड टोक्यो 2020 खेलों से जुड़े संदेश अंग्रेजी, फ्रेंच और जैपनीज भाषाओं में डिस्प्ले करेगा। इस सैटेलाइट का बाहरी सतह स्वर्ण पदक से प्रेरित होगा और इसका रंग स्वर्ण होगा। साथ ही इस पर ‘जी सैटेलाइट टोक्यो 2020’ लिखा होगा।

मिनिएचर गुंडम और जाकू के फीगर्स को 150 ग्राम के छोटे आकार के सैटेलाइट के साथ फिट होने के लिए विशेष तौर पर तैयार किया गया है। इन कैरेक्टर्स के मिनिएचर के निर्माण के लिए विशेष मैटेरियल और पेंट्स का उपयोग हुआ है। ये सैटेलाइट के साथ अंतरिक्ष की विषम परिस्थितियों के साथ तालमेल बना सकें, इसके लिए इनका वाइब्रेशन और इम्पैक्ट एसेसमेंट भी किया गया है।

गुंडम और जाकू की आंखें एक सफेद बैकग्राउंड में ओलंपिक छल्लों में मौजूद रंगों में चमकेंगी। साथ ही ये पैरालम्पिक के दौरान तीन एजीटर्स के रंगों में चमकेंगी और इनका सिर मूव कर सकेगा।

टोक्यो ओलंपिक की आधिकारिक वेबसाइट-टोक्यो 2020 डॉट ओआरजी के मुताबिक इस प्रोजेक्ट की जो प्लानिंग है उसके अनुसार इस सैटेलाइट को तीन दिसम्बर तक पूरा कर लिया जाना था (जो कि किया जा चुका है) और इसके बाद इसे पांच दिसम्बर को जेएएक्सए को सौंप दिया गया है। मध्य मार्च-2020 में जी-सैटेलाइट को एक सप्लाई शिप के माध्यम से आईएसएस तक भेजा जाएगा। इसकी तारीख की घोषण आईएसएस पर जारी कार्यक्रम के आधार पर बाद में की जाएगी।

अप्रैल-2020 में जी-सैटेलाइट को आईएसएस से पृथ्वी की कक्षा में स्थापित किया जाएगा। इसकी भी तारीख की घोषणा आईएसएस पर जारी कार्यक्रम के आधार पर बाद में की जाएगी।

2020 की गर्मियों की शुरुआत से पहले गुंडम और जाकू के पायलटों (जिनका नाम अमुरो और चार रखा गया है) के संदेश पहली बार धरती पर जापानी भाषा में भेजे जाएंगे। इस मैसेज को-पार्टिसिपेशन डॉट टोक्यो2020 डॉट जेपी पर डाउनलोड किया जाएगा।

इसके बाद अमुरो और चार की ओर से एक विशेष वीडियो मैसेज जारी किया जाएगा, जो टोक्यो 2020 के विजेताओं के लिए होगा। इसके तुरंत बाद एक खास वेबसाइट लॉन्च की जाएगी, जिसमें धरती की 3डी इमेज की छाया में जी-सैटेलाइट का लोकेशन शेयर किया जाएगा।

मई से जुलाई 2020 तक जापान के ऊपर से गुजरते समय अमुरो और चार के बीच जारी वार्तालाप की लाइव स्ट्रीमिंग की जाएगी, जो सिर्फ जापानी भाषा में उपलब्ध होगी। इसे टोक्यो ओलंपिक 2020 के यूट्यूब पेज पर अपलोड किया जाएगा। जुलाई 2020 से टोक्यो ओलंपिक से जुड़े संदेश गुंडम और चार के संदेश इलेक्ट्रानिक बोर्ड पर प्रसारित होंगेष ये संदेश अंग्रेजी, फ्रेंच और जापानी भाषा में होंगे।

Facebook Join us on Facebook Twitter Join us on Twitter Linkedin Join us on Linkedin Youtube Join us on Youtube

RELATED NEWS